In short
आज सुनी गधे की कहानी। सीखे ग, ह, ठ, ध। और इ, ई! अब शुरू होता है, जीव-जगत। यानी जानवर, पंछी, कीड़े, सबकी दुनिया! चलो, जानवरों की रेलगाड़ी! मुर्गा बोला कुकड़ू-कूँ, चल मेरे भैया रुकता क्यूँ! कुत्ता भौंके, भौं-भौं-भौं, अटकी गाड़ी पौं-पौं-पौं! बकरी आई, बिल्ली आई, में-में आई, म्याऊँ-म्याऊँ आई! धक्की गाड़ी धौं-धौं-धौं, चल दी गाड़ी पौं-पौं-पौं! दोस्तों के पीछे लाइन बनाओ, और रेलगाड़ी बनकर गाओ! अब एक चित्र-कहानी। पेड़ पर सफ़ेद गिलहरी है, उस पार उसकी दोस्त। बीच में नदी है, और नदी में मगरमच्छ! सफ़ेद गिलहरी ने रस्सी फेंकी। दोस्त ने रस्सी, पेड़ से बाँध दी। फिर सफ़ेद गिलहरी, रस्सी पकड़कर चली! नीचे मगरमच्छ, देखता रह गया! तुम सुनाओ, चिड़िया और इल्ली के साथ! एक दिन गधे का मन, मिठाई खाने का हुआ। उसने दोस्तों से, कुछ मीठा माँगा। भालू ने कहा, शहद खा लो! शहद, जो मधुमक्खी बनाती है। गधे ने मना कर दिया। खरगोश ने कहा, गाजर खा लो! छोटी इ की मात्रा, अक्षर के बाद लगती है? नहीं, पहले लिखते हैं, पर बोलते बाद में!
Watch the lesson, then try to explain it in your own words.